
*एसपी का खौफ अपराधी में समाया, जमानत निरस्त करवाकर पहुँचा जेल*......रिपोर्ट। विश्व दीपक त्रिपाठी
----------------------------------------
प्रतापगढ़/कुंडा (ब्यूरों)। प्रतापगढ़ जिले में अब खाकी का खौफ अपराधियों में धीरे-धीरे ही सही लेकिन समाने लगा है। तभी तो जमानत पाने के बाद भी एक अपराधी अपनी जमानत निरस्त करवाकर पुनः जेल में पहुँच गया।
अपराधगढ़ के नाम से विख्यात हो चुके प्रतापगढ़ में आए दिन लूट, छिनैती और हत्या की घटनाओं पर अब धीरे-धीरे विराम लगने लगा है। अपराधियों के मन में खाकी का खौफ बसने से अब वे जमानत पाने के बाद भी बाहर नही रहना चाहतें हैं। पुलिस विभाग इसके पीछे प्रतापगढ़ जिले के युवा एसपी अभिषेक की कार्यप्रणाली को मान रही है। एसपी द्वारा अपराधियों पर नकेल कसने के कारण ही एक अपराधी ने अपनी जमानत निरस्त करवाकर पुनः जेल की शरण में चला गया।
मूल रूप से लालगंज कोतवाली के पूरे जनई का पुरवा का रहने वाले दिलीप उर्फ मोनू पाल पुत्र रामदेव पाल पर हत्या, लूट, आर्म्स एक्ट, गैंगेस्टर सहित कई गंभीर धाराओं में मुकदमें दर्ज हैं और वह जमानत करवाकर जेल से बाहर आ गया था,लेकिन एसपी के डर से बुधवार को वह कुंडा न्यायालय में हाजिर होकर अपनी जमानत को निरस्त करवाकर पुनः जेल चला गया। उसके वर्तमान पते बहोरिकपुर में भी महेशगंज पुलिस उसकी गतिविधियों पर पैनी नजर रखें हुए थी। एसपी के खौफ और पुलिसिया कार्यप्रणाली से घबराए मोनू ने खाकी के डर से जेल की शरण ले ली।









